Showing posts with label एक अरमान आज रो पड़ा।. Show all posts
Showing posts with label एक अरमान आज रो पड़ा।. Show all posts

Monday, December 1, 2025

एक अरमान का अंतिम संस्कार

 एक अरमान का अंतिम संस्कार


चुपके-चुपके दिल की चौखट पर,

एक अरमान आज रो पड़ा।

सपनों की चिता सजाकर,

खुद ही धधकती आग में सो पड़ा।


हवाओं ने पूछा — “क्यों छोड़ा उसे?”

मैंने कहा — “वक़्त ने साथ नहीं दिया…”

पर राख में दबी चमक बताती रही,

कि वो अरमान आज भी जिंदा था,

बस दुनिया को दिखना बंद हो गया था।


अब दिल में एक दीप जला रखा है,

जिसकी लौ कहती है बार-बार—

“अंतिम संस्कार अरमानों का होता नहीं,

वे बस रूप बदलकर,

नई राहों में चल पड़ते हैं।”


रात की निस्तब्धता में,

दिल के किसी कोने में एक हलचल हुई—

जैसे किसी टूटे सपने ने

आख़िरी बार करवट ली हो।


मैंने झुककर देखा—

वहाँ एक अरमान पड़ा था,

धूल से ढका हुआ,

वक्त की बेड़ियों में बंधा,

सांसें धीमी, उम्मीदें थकी हुई।


कभी ये अरमान दुपहरी की धूप था,

मेरे चेहरों पर मुस्कान का रूप था,

भोर की ताज़गी,

एक नई मंज़िल का नक्शा था।

पर आज वो बुझा-बुझा,

थका-मांदा,

अपनी ही परछाई को ढूंढता हुआ।


मैंने उसे उठाकर सीने से लगाया—

कितना हल्का हो गया था…

जैसे भीतर से सब ख़ाली कर बैठा हो।


उसने कहा—

“मैं चला जाऊँ क्या?

अब तेरे पास जगह कहाँ है?

तेरे दिनों में व्यस्तता,

रातों में थकान,

और सपनों में दूसरे सपने बसे हुए हैं…”


मैं चुप रहा।

जवाब तो मेरे पास था,

पर शब्द नहीं।


फिर मैंने धीमे-धीमे

एक लकड़ी की चिता तैयार की—

वक्त की टूटी टहनियों से,

खामोशी की लंबी लकड़ियों से,

पछतावे की थोड़ी-सी आग से।


अरमान मुस्कुराया—

“डर मत, मैं मर नहीं रहा,

बस तेरी ज़िन्दगी की किताब में

अपना पन्ना बदल रहा हूँ।”


मैंने उसकी बातें सुनी,

और आख़िरी बार उसे देखा—

वो धुआँ बनकर ऊपर उठा,

जैसे आसमान को बताने गया हो

कि वह अभी हार नहीं माना,

बस नया रूप ले रहा है।


राख ठंडी होते ही

हवा ने धीरे से कहा—

“जिस अरमान का अंतिम संस्कार हुआ है,

वह खत्म नहीं होता,

वह बीज बनकर

दिल के किसी और कोने में

फिर से उग आता है।”


मैंने सिर उठाकर आसमान देखा—

वहाँ धुएँ की लकीरों में

एक नया रास्ता चमक रहा था।


और मैंने समझ लिया—

कि अरमान मरते नहीं,

हम बस कभी-कभी

उन्हें खो देते हैं।


नई सुबह ने मेरे कंधे पर हाथ रखा—

जैसे कह रही हो,

“चलो…

अब उस राख से

एक नया अरमान जन्म लेगा।”

Post

Curve Stone Work Services for Landscaping & Outdoor Projects

Curve Stone Work Curve stone work is a specialized construction and landscaping technique that focuses on creating smooth, aesthetically app...